ईशा अस्पताल में इलाज के दौरान बालिका की मौत, परिजनो ने डॉक्टर पर लगाया लापरवाही का आरोप जमकर किया हंगामा

0
0

जौनपुर। नगर के ईशा अस्पताल में इलाज के दरम्यान एक बालिका की मौत हो गयी। मौत के बाद गुस्साएं परिजनो ने डाक्टरो पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा कर दिया। हंगामें के चलते पूरे अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंचकर किसी तरह से समझा बुझाकर मामले को शांत करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिवार वालो का आरोप है कि मेरे पास आयुष्मान कार्ड होने के बाद डाक्टर ने उसे दरकिनार करते हुए नगद पैसा लेकर इलाज कर रहे थे इसके बावजूद लापरवाही के चलते मेरी बेटी की जान चली गयी।

मिली जानकारी के अनुसार मड़ियाहूं थाना क्षेत्र के रामनगर विधमौवा गांव के निवासील संजय तिवारी के बेटी गोल्डी तिवारी बीते 15 नम्बर को गाय के हमले से बुरी तरह से जख्मी हो गयी थी। परिवार वाले उसे नगर के मड़ियाहूं पड़ाव पर स्थित ईशा हास्पिटल में भर्ती कराया था। आज उसकी इलाज के दरम्यान मौत हो गयी। मौत के बाद गुस्साएं परिजनों ने अस्पताल के डाक्टर और स्टाफ पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा शुरू कर दिया। पिता संजय ने आरोप लगाया कि अस्पताल में भर्ती होने के समय ही मैने डाक्टर को बताया था कि मेरे पास आयुष्मान कार्ड है इसके बाद भी डाक्टरो ने कहा कि इस रोग का इलाज कार्ड से नही नगद पैसे से किया जायेगा। मैने पैसा देकर इलाज करवाना शुरू किया। आज मेरी बेटी की हालत खराब हुई तो डाक्टर से देखने के लिए कहा गया तो स्टाफ हीला हवाली करते रहे जिसके कारण मेरी बेटी की जान चली गयी।

सूचना मिलते ही सीओ सिटी समेत भारी पुलिस फोर्स मौके पर पहुंचकर हंगामा कर रहे लोगो को किसी तरह से समझा बुझाकर मामले को शांत कराने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस मामले पर सीओ सिटी दिग्गविजय सिंह ने बताया कि पूरे मामले की जांच सीएमओ से करायी जायेगी।

उधर आरोपी डाक्टर राहुल श्रीवास्तव ने अपने ऊपर लगे सारे आरोपो को एक सिरे से खारिज करते हुए कहा कि इलाज में कोई लापरवाही नही बरती गयी है। आयुष्मान कार्ड से इलाज न करने के आरोप पर कहा कि परिवार ने बताया ही नही था कि उनके पास आयुष्मान कार्ड है। अगर बताया होता तो उसी से किया जाता।

ब्यूरो रिपोर्ट

In

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें