केराकत ( जौनपुर ) खेत मजदूर किसान संग्राम समिति ने निजीकरण के खिलाफ राष्ट्रपति को संबोधित पत्रक उपजिलाधिकारी को सौंपा गया उन्होंने बताया कि
किसान विरोधी बिल श्रमिक विरोधी बिल के साथ ही बेरोजगारी, विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति के बंद किये जाने व शिक्षा के निजीकरण के विरोध में मांग पत्र सौंपा गया
मांग पत्र में खेत मजदूर किसान संघर्ष समिति ने बिंदुआर ने कहा है कि,1.भारतीय जनगण के प्रतिनिधित्व की उपेक्षा करते हुए बिना बहस कराये जबरदस्ती आलोकतंत्रिक तरीके से किसानों – मजदूरों के विरुद्ध पास कराये गये किसानों से संबंधित विधेयक वापस लिए जाय। 2. कृषि उपज का मूल्य स्वामीनाथन कमीशन कमेटी के फार्मूले के अनुसार लागत का डेढ़ गुना मूल्य किसानों को मिले सुनिश्चित करने के लिए कानून बनाये। न्यूनतम समर्थन मूल्य के नीचे खरीदार व्यापारियों द्वारा फसल खरीदे जाने पर दंडनीय अपराध घोषित किया जाय।
3. मजदूर विरोधी कंपनी एक्ट वापस लिया जाय, आठ घंटे काम, सुरक्षा की गारंटी सभी को काम पाने की गारंटी, शिक्षा, स्वस्थ्य व जीने लायक न्यूनतम मजदूरी के लिए अनिवार्य कानून बनाया जाय व उसे लागू किया जाय।
4. मुफ्त वैज्ञानिक और उत्पादन परक एक तरह की शिक्षा स्वस्थ्य संपूर्ण देश में सुनिश्चित किया जाय जिससे शिक्षण, प्रशिक्षण के तुरंत बाद सभी युवकों को ककाम सुनिश्चित हो एस सी/ एस टी, ओ बी सी के छात्रों की छात्रवृत्ति पर लगाई गई रोक तत्काल हटाई जाय।
5. (अ) कृषि मजदूरों सहित समस्त असंगठित क्षेत्र के मजदूरों के जीवन निर्वाह, शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा व आवासीय स्थाई जरूरतों की पूर्ति हेतु न्यूनतम मजदूरी का निर्धारण अनिवार्य किया जाए।
(ब) भूमिहीन व गरीब किसानों द्वारा किए जा रहे कृषि कार्य जैसे बटाईदार ई व कृषि भूमि पर कृषि जांच पड़ताल व पहचान खसरा दस्तावेज में दर्ज कर प्रमाण पत्र जारी किया जाए।
(स) भूमिहीन गरीब किसानों तथा खेत मजदूरों के आवाज़ जो सुरक्षित ग्राम समाज की जमीनों में बने हैं उन्हें उजाड़ने जुर्माना लगाने व बेदखल करने से रोका जाए माननीय सर्वोच्च न्यायालय और उच्च न्यायालय इलाहाबाद की गाइडलाइन के दिशा निर्देशों में अस्थाई निवासी प्रमाण पत्र जारी किया जाए।
(द) केंद्र सरकार द्वारा आबादी का कराया जा रहा सर्वे समय से सुनिश्चित किया जाए ताकि विकल्प वहीं निवासियों को राहत मिल सके ।
इन विभिन्न मांगों को लेकर खेत मजदूर किसान संग्राम समिति ने उप जिलाधिकारी केराकत जौनपुर को मांग पत्र सौपते हुए यह भी चेतावनी दिया है कि यदि सरकार इन तमाम जन विरोधी किसान विरोधी बेरोजगार विरोधी विलों को वापस नहीं लेती है तो संगठन व्यापक जनता के साथ सड़क पर आंदोलन करने के लिए मजबूर होगी
इस मौके पर सी पी आई एम एल के इस, के राज्य सचिव, खेत मजदूरों किसान संग्राम समिति के जिला सचिव, अध्यक्ष राजदेव यादव, उपाध्यक्ष एडोकेट नमः नाथ शर्मा, शहीद भगत सिंह छात्र नौजवान महा सभा के राज्य सचिव लाल प्रकाश राही, मुन्ना गोड़, रामजीत राम, दयाराम समेत दर्जनों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।
राजेश कुमार गुप्ता पत्रकार
