आजमगढ़ जिले के अहरौला थाना माहुल पुलिस चौकी के क्षेत्र के फरीदपुर गांव में 27 सितम्बर की रात में दो घरों में हुई 31 लाख रूपये के आभूषण और 60 हजार नकद की हुई चोरी का राजफाश करने में दो माह से अधिक का समय बीतने के बाद भी पुलिस विफल साबित हो रही है जिससे क्षेत्र में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लग रहा है।
27 सितम्बर 2025 को क्षेत्र के फरीदपुर गांव में नोएडा जेल के उपाधीक्षक सुरजीत सिंह और रफी मेमोरियल स्कूल के उप प्रिंसिपल अविनाश सिंह के घरों को अज्ञात चोरों ने निशाना बनाया। जेलर के घर से 26 लाख रूपये के आभूषण और 40 हजार नकद तथा प्रिंसिपल के घर से पांच लाख रूपये के आभूषण और 21 हजार रुपए की नकदी चुरा कर पुलिस को चुनौती दे दिया। इन दोनों हाईप्रोफाइल घरों में हुई चोरी की इस घटना से क्षेत्र में दहशत फैल गई थी। चोरी के दूसरे दिन फॉरेंसिक टीम द्वारा साक्ष्य जुटाने के बाद स्थानीय पुलिस के साथ ही साथ स्वाट टीम भी लगातार तीन दिनों तक क्षेत्र में डेरा डाले रही फिर भी चोरों को ढूंढ नहीं पाई। बीच में पुलिस द्वारा यह कह कर स्वजनों को सांत्वना दिया गया कि ये चोरी पश्चिमी उत्तर प्रदेश के पंखिया गैंग के लोगों द्वारा कारित की गई है। पर दो माह से अधिक का समय बीत गया अभी तक चोरों का सुराग पुलिस नहीं लगा पाई है। फरीदपुर गांव में ज्यादातर घरों के लोग प्रशासनिक सेवा में है। पुलिस की इस विफलता से लोगों में निराशा है और क्षेत्र में असुरक्षा का माहौल व्याप्त है।
इस संबंध में क्षेत्राधिकारी बूढ़नपुर अजय प्रताप सिंह का कहना है कि अभी तक चोरों का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। पुलिस लगातार खुलासे के लिए प्रयासरत है जल्दी ही सफलता मिलने की उम्मीद है
सोनू कुमार क्राइम ब्यूरो चीफ की रिपोर्ट
