जौनपुर/जलालपुर…प्रधानमंत्री आवास में हो रही धांधली , सभी अपात्रों को दिया जा रहा आवास

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जलालपुर —- ब्लॉक के प्रधानपुर गाँव में आवास को लेकर खुल्लमखुल्ला धाँधली चल रही है । प्राथमिकी पात्रता की सूची में जितने लोगों का नाम सिग्रेटरी ने आनलाइन फीड कराया है । उनमें से एक भी आवास की पात्रता में नहीं आते । और जो आवास पाने के योग्य है उनका लिस्ट में नाम तो दूर चर्चा भी नहीं है । गाँव की निवासीनी जाँब कार्ड धारक महिलाओं ने अपना नाम नहीं छापने के शर्त पर बताया कि इससे पहले आवास की लिस्ट में पहले नम्बर पर जिन लोगों का नाम था । उन सभी का काट दिया गया है । और जिसके घर तीन आवास बन चुके है । रहने वाला कोई नहीं ताला बन्द है उन्हीं के घर चौथी बार फिर आवास के लिए नाम आ रहा है । किसी का करकट , तथा मड़हा होने के कारण अपात्र कहकर आवास काट दिया गया ।। और वहीं बगल में दूसरे करकट वाले घर आवास लिस्ट में जोड़ दिया गया है । जबकि ऐसे भी परिवार है जहाँ पति के मर जाने के बाद छोटे छोटे बच्चों की परवरिश माँ दूसरे के घर बर्तन माँजकर करती है । उसके पास खपरैल का घर है । लेकिन खेत नहीं है । ना ही किसी प्रकार की कोई बाहरी आमदनी है । इस प्रकार के निरीह एवं गरीब महिलाएं भी आवास की पात्रता से वंचित है । ग्राम प्रधान कहता है कि हमें आवास के बारे में कोई जानकारी नहीं है । सिग्रेटरी सब अपनी मर्जी कर रहा है । मेरी बात ही नहीं सुन रहा है । और सिग्रेटरी आवास के विषय में कुछ बताने के लिए तैयार नहीं है । ग्रामीणों का आरोप है कि जिसने सिग्रेटरी को पैसा दिया उसका नाम आवास में फीड हो गया और जिसने नहीं दिया उसको अपात्र करके लिस्ट से बाहर कर दिया है । ग्रामीणों ने दावा किया है कि जितने भी आवास फीड किए गये है । सबकी जाँच शासन की तरफ से निश्पक्ष कराकर ही उनके खाते में आवास के लिए पैसा भेजा जाय । साथ में पहले से लिस्ट में शामिल लोगों का नाम कटने का क्या कारण है । और उनकी जगह जिसको जोड़ा गया है । दोनों की पात्रता के स्थिति की स्थलीय जाँच करके दोषी के विरुद्ध कार्यवाही की जाने की आवश्यकता है । इसकी जाँच जिलाधिकारी महोदय के द्वारा ही की जानी चाहिए । क्योंकि यदि आवास की जाँच निष्पक्ष करके पात्रता का चयन किया गया होता तो ऐसी गड़बड़ी नहीं होती । कोई जानकारी लेने के लिए खण्ड विकास अधिकारी को फोन किया जाता है तो वो अपने को व्यस्त बताकर फोन काट देते है । फिर स्वतंत्र होने पर फोन करने की जहमत नहीं उठाते है ।इससे यही लगता है कि धाँधली में सभी बराबर के भागीदार है ।

 

रिपोर्टर राजेश कुमार गुप्ता

चन्दवक जौनपुर

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