विधायक निधि से लाखों रुपये की लागत से लगी लाइट बनी शोपीस, शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार मौन
सुल्तानपुर
अखंडनगर बाजार के प्रमुख चौराहे को रोशन करने के लिए विधायक निधि से लाखों रुपये की लागत से लगाई गई हाईमास्ट लाइट वर्षों से खराब पड़ी है। इससे अखंडनगर चौराहे पर शाम होते ही अंधेरा छा जाता है। बाजार वासियों की ओर से कई बार जनप्रतिनिधियों और जिम्मेदारों से शिकायत किए जाने के बावजूद लाइट की मरम्मत नहीं कराई गई।
हैरानी की बात यह है कि दुर्गा पूजा जैसे प्रमुख पर्व पर भी चौराहे की रोशनी व्यवस्था दुरुस्त नहीं हो सकी। बाजार वासियों का कहना है कि लाखों रुपये खर्च कर लगाई गई हाईमास्ट लाइट शुरुआती दिनों में ही कुछ समय तक जली, लेकिन इसके बाद किसी ने इसकी सुधि लेना उचित नहीं समझा। धीरे-धीरे यह लाइट शोपीस बनकर रह गई।
चौराहे पर अंधेरा रहने से बाजार आने-जाने वाले लोगों और स्थानीय दुकानदारों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। त्योहार के दौरान बाजार में लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है। ऐसे में प्रमुख चौराहे की लाइट खराब रहना व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
बाजार वासियों ने उठाई मरम्मत की मांग
स्थानीय लोगों ने संबंधित विभाग और जनप्रतिनिधियों से हाईमास्ट लाइट की जल्द मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि जब जनहित में सरकारी धन खर्च कर लाइट लगाई गई है, तो उसकी देखरेख और मरम्मत की जिम्मेदारी भी तय होनी चाहिए। लोगों ने सवाल उठाया कि आखिर वर्षों से खराब पड़ी इस लाइट को ठीक कराने की जिम्मेदारी किसकी है?

















