आजमगढ़। दीदारगंज थाना क्षेत्र के मकदूमपुर बाजार स्थित एक निजी क्लिनिक में शुक्रवार देर शाम इंजेक्शन लगने के बाद 45 वर्षीय महिला की तबीयत बिगड़ गई। परिजन उसे उपचार के लिए जौनपुर ले गए, जहां चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। महिला की मौत की सूचना मिलते ही आक्रोशित परिजनों ने क्लिनिक पहुंचकर हंगामा किया और संबंधित चिकित्सक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन देकर मामला शांत कराया।
जानकारी के अनुसार चितारा महमूदपुर गांव के बिछियापुर निवासी 45 वर्षीय शशिकला देवी पत्नी रामकिशुन यादव शुक्रवार देर शाम दवा लेने के लिए पैदल मकदूमपुर बाजार स्थित निजी क्लिनिक पहुंची थीं। परिजनों के मुताबिक, क्लिनिक में डॉक्टर कलेन्द्र यादव ने उन्हें इंजेक्शन लगाया। इंजेक्शन लगने के बाद अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। जानकारी मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे और महिला को उपचार के लिए जौनपुर ले गए। वहां चिकित्सक ने शशिकला देवी को मृत घोषित कर दिया।
महिला की मौत की खबर मिलते ही परिजन आक्रोशित हो गए और मकदूमपुर बाजार स्थित क्लिनिक पर पहुंचकर हंगामा करने लगे। परिजनों ने इंजेक्शन लगाने वाले डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सूचना मिलते ही दीदारगंज पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभालते हुए परिजनों को कार्रवाई का भरोसा दिलाया।
स्थानीय लोगों के अनुसार डॉक्टर कलेन्द्र यादव बरदह थाना क्षेत्र के बेलवाना गांव के निवासी बताए जाते हैं और कई वर्षों से मकदूमपुर बाजार में निजी क्लिनिक संचालित कर रहे हैं। देर रात तक पुलिस मौके पर मौजूद रही।
दीदारगंज थानाध्यक्ष जयप्रकाश यादव ने बताया कि मामले में अभी कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। पुलिस मौके पर पहुंचकर मामले की जांच कर रही है। तहरीर मिलने पर नियमानुसार मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उधर, महिला की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस का कहना है कि तहरीर और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सब ब्यूरो चीफ़ महादेव यादव आजमगढ की रिपोर्ट














