बरामदपुर/सुल्तानपुर
इलाहाबाद विश्वविद्यालय से स्नातक, स्नातकोत्तर फिर UGC NET की परीक्षा पास करने के पश्चात लगातार P.hd के लिए प्रयासरत दिल्ली विश्वविद्यालय से लेकर इंदिरा गांधी नेशनल ट्राइबल यूनिवर्सिटी(अमरकंटक) और अंत में गोरखपुर विश्वविद्यालय में प्रवेश तक का एक लम्बा सफऱ विकास खण्ड अखंड नगर सुल्तानपुर के बरामदपुर गांव के निवासी ‘विवेक कुमार’ ने तय किया।
विवेक का कहना है कि बरामदपुर गांव में अपने दलित समाज से वे पहले और गांव में दूसरे व्यक्ति हैं जिनको उच्चा शिक्षा में जाने का अवसर प्राप्त हुआ। विवेक कुमार अपने सभी महापुरुषों को याद करते हुए बार-बार डॉ. अम्बेडकर और भगत सिंह को अपना आदर्श बताते हैं।
विवेक अपने छात्र जीवन में कई छात्र आंदोलनों में सक्रिय रहे, कई बार उनका नेतृत्व भी किया। समाज के सभी जरूरी सवालों पर बहुत गंभीरता से मुखर होकर उसपर अपनी प्रतिक्रिया देते रहे हैं।
विवेक कुमार शोध छात्र के रूप में चयनित होने पर खुद को समाज के और भी करीब और भी ज़िम्मेदार मानते हैं ।




















